अखिल भारतीय उच्च शिक्षा सर्वेक्षण (AISHE) के मुताबिक उच्च शिक्षा में लड़कियों की संख्या में हुई वृद्धि, बराबर की हुई भागीदारी
एक समय था जब लड़कियों को शिक्षा देना जरूरी नहीं समझा जाता था, उन्हें घर के कामों तक ही बांधा जाता था, धीरे धीरे हालातों में सुधार हुआ और लड़का- लड़की के बीच होने वाले भेदभाव की चैन टुटी। हालांकि आज भी कुछ जगहों में पूरानी सोच की ही नीति…